घर का वास्तु · 19 सितंबर 2026 · 5 मिनट में पढ़ें
बीम के नीचे बेड: वास्तु के आसान उपाय
मुंबई के फ़्लैट और बंगलों में बीम खुले दिखना आम बात है, और कई बार बेड ठीक उसी के नीचे आ जाता है। वास्तु में बेड के ऊपर बीम क्यों नहीं चाहिए, और बेड हिलाना संभव न हो तो कौन से उपाय काम आते हैं।
लेखिका: डॉ. किमया पारिख-आंबेकर, वास्तु सलाहकार, अंधेरी ईस्ट, मुंबई

01
वास्तु में बेड के ऊपर बीम क्यों टाला जाता है?
वास्तु में बेड के ऊपर बीम इसलिए टाला जाता है क्योंकि माना जाता है कि उसके नीचे सोने वाले को अपने ऊपर एक बोझ-सा महसूस होता है। बीम पूरी बिल्डिंग का वज़न उठाता है, और माना जाता है कि उस वज़न के ठीक नीचे सोने से आराम में रुकावट आती है।
कई लोग खुद भी महसूस करते हैं कि भारी, साफ दिखते बीम के नीचे लेटने पर मन पर थोड़ा दबाव-सा लग सकता है, खासकर जब छत नीची हो। यहां वास्तु और आम समझ, दोनों एक ही बात कहते हैं।
मुंबई के फ़्लैटों में लोगों की यह सबसे आम चिंताओं में से एक है, क्योंकि यहां बीम अक्सर बेडरूम के बीच में अटपटी जगह से गुज़रते हैं। अच्छी बात यह है कि इसके कई आसान उपाय मौजूद हैं।
02
क्या बेड के ऊपर बीम की जगह से फर्क पड़ता है?
हां, बीम बेड के ऊपर कहां से गुज़रता है, इससे फर्क पड़ता है। कुछ जगहें दूसरी जगहों से ज़्यादा अहम मानी जाती हैं। देखिए कि लेटने पर बीम आपके शरीर के किस हिस्से के ऊपर आता है।
01
सिर के ऊपर
परंपरागत रूप से इसे सबसे अहम जगह माना जाता है। इसे बेचैन नींद और मन के भारीपन से जोड़ा जाता है।
02
छाती या पेट के ऊपर
माना जाता है कि इससे शरीर पर दबाव-सा महसूस होता है।
03
डबल बेड की लंबाई में
अगर बीम बेड के बीचोंबीच, दोनों साथियों के बीच से गुज़रे, तो कभी-कभी इसे आपस में दूरी महसूस होने से जोड़ा जाता है।
04
पैरों के ऊपर या बेड के बाहर
आमतौर पर इसे छोटी बात माना जाता है, खासकर जब छत ऊंची हो।
03
क्या बीम से बचने के लिए बेड की जगह बदली जा सकती है?
कमरे में जगह हो तो बेड की जगह बदलना सबसे आसान और असरदार उपाय है। बेड को थोड़ा-सा खिसकाने से भी आपका सिर बीम के नीचे से बाहर आ सकता है।
01
सही दिशा बनाए रखें
बेड को बीम से हटाते समय भी कोशिश करें कि सिर दक्षिण या पूर्व की ओर रहे।
02
पीछे ठोस दीवार
हेडबोर्ड खिड़की से नहीं, किसी ठोस दीवार से लगाएं।
03
दक्षिण-पश्चिम का इस्तेमाल करें
मुख्य बेडरूम में बेड के लिए आमतौर पर कमरे का दक्षिण-पश्चिम हिस्सा बेहतर माना जाता है।
04
एक हफ्ता आज़माएं
नई जगह पर कुछ रातें सोकर देखें और देखें कि सुबह उठकर कितना तरोताज़ा लगता है।
04
क्या फॉल्स सीलिंग से बीम ढकना वास्तु के हिसाब से ठीक है?
जो फॉल्स सीलिंग बीम को पूरी तरह ढक दे, उसे आमतौर पर असरदार उपाय माना जाता है, क्योंकि फिर बेड के ऊपर बीम दिखता ही नहीं। मुंबई के कई घरों में लाइटिंग के लिए पहले से जिप्सम सीलिंग लगी होती है, इसलिए यह तरीका आसानी से अपनाया जा सकता है।
बेड के ऊपर फॉल्स सीलिंग सपाट, एक ही लेवल की रखें; ऐसी स्टेप वाली डिज़ाइन न बनवाएं जो बीम के आकार के साथ-साथ ऊपर-नीचे हो। रंग हल्का रखें, और बेड के ठीक ऊपर भारी लटकने वाली फिटिंग से बचें।
05
अगर बेड और बीम दोनों नहीं बदल सकते, तो कौन से उपाय मदद करते हैं?
अगर न बेड हिल सकता है और न छत बदली जा सकती है, तो कुछ आसान उपाय हैं जिनमें कोई तोड़-फोड़ नहीं करनी पड़ती और जो बीम का असर हल्का करते हैं। ये किराए के फ़्लैट के लिए भी ठीक रहते हैं।
01
कपड़े की कैनोपी
बेड के ऊपर हल्के कपड़े की कैनोपी या ढीला टांगा हुआ कपड़ा लगाने से ऊपर एक नरम-सी छत नज़र आती है।
02
बीम को रंग दें
बीम पर वही हल्का रंग करवाएं जो छत का है, ताकि वह छत में घुल-मिल जाए।
03
ऊपर की ओर रोशनी
बीम के साथ-साथ ऊपर की तरफ पड़ने वाली हल्की रोशनी से वह उतना भारी और अंधेरा नहीं दिखता।
04
पिरामिड
जांच के बाद सलाह मिलने पर बीम पर या उसके पास एक्टिवेटेड पिरामिड लगाए जाते हैं।
05
बांसुरी
बीम पर बांस की दो बांसुरियां लगाना एक प्रचलित लोक उपाय है। अगर आपका मन इसे माने, तो अपनाएं।
06
क्रिस्टल
सोने की जगह का माहौल शांत रखने में मदद के लिए कभी-कभी बेड के पास की टेबल पर क्लियर क्वार्ट्ज़ या एमेथिस्ट रखा जाता है।
06
दूसरे कमरों में बीम का क्या?
दूसरे कमरों के बीम पर भी यही बात लागू होती है: उनके ठीक नीचे लंबे समय तक बैठने या काम करने से बचें। कभी-कभार बीम के नीचे से गुज़रना कोई चिंता की बात नहीं है।
01
स्टडी टेबल
कुर्सी इस तरह लगाएं कि पढ़ने वाला बच्चा सीधा बीम के नीचे न बैठे।
02
डाइनिंग टेबल
टेबल को थोड़ा खिसका दें या ऊपर पेंडेंट लाइट लगा लें, ताकि नज़र बीम से हट जाए।
03
सोफा
बैठने की मुख्य जगह ठीक बीम के नीचे न रखें।
04
ऑफ़िस केबिन
मालिक की कुर्सी ऊपर से गुज़रते बीम से दूर रखें।
07
नींद खराब हो तो हर बार कारण बीम नहीं होता
नींद खराब होने के पीछे अक्सर ऐसे कारण होते हैं जिनका बीम से कोई लेना-देना नहीं, जैसे तनाव, शोर, स्क्रीन, सेहत की कोई समस्या या बेतरतीब दिनचर्या। वास्तु के बदलाव डॉक्टरी सलाह का साथ दे सकते हैं, उसकी जगह नहीं ले सकते।
अगर नींद की दिक्कत कुछ हफ्तों से ज़्यादा चले, दिन के कामकाज पर असर डाले, या साथ में खर्राटे, सांस फूलना या उदासी हो, तो कृपया डॉक्टर से मिलें।
08
वास्तु विशेषज्ञ से कब मिलें
वास्तु विशेषज्ञ से तब मिलें जब छोटे फ़्लैट में बीम कई ज़रूरी जगहों से गुज़र रहे हों, या जब आप इंटीरियर डिज़ाइन करवा रहे हों और बेड, फॉल्स सीलिंग और लाइटिंग तीनों एक साथ तय करना चाहते हों। फ़्लोर प्लान पर बीम की लाइनें बनी हों तो जांच सटीक हो पाती है।
VastuKimaya की डॉ. किमया पारिख-आंबेकर अंधेरी ईस्ट के अपने ऑफ़िस से पूरे मुंबई में घर पर आकर बेडरूम और पूरे घर का परामर्श देती हैं। दूर रहने वालों के लिए फ़्लोर प्लान और फोटो के आधार पर परामर्श भी उपलब्ध है, और उपाय बिना किसी तोड़-फोड़ के बताए जाते हैं।
सवाल
आम सवाल
क्या वास्तु के हिसाब से बीम के नीचे सोना बुरा है?
वास्तु में सीधे बीम के नीचे सोना टाला जाता है, क्योंकि इसे दबाव और बेचैन नींद से जोड़ा जाता है। बेड हिला देना या बीम को ढक देना सबसे आसान उपाय हैं।
क्या फॉल्स सीलिंग से बीम दोष हट जाता है?
जो फॉल्स सीलिंग बीम को पूरी तरह ढक दे, उसे आमतौर पर असरदार उपाय माना जाता है। बेड के ऊपर उसे एक लेवल में और हल्के रंग की रखें।
किराए के फ़्लैट में बेड के ऊपर बीम हो तो क्या उपाय है?
किराए के फ़्लैट में हो सके तो बेड खिसका दें, नहीं तो कपड़े की कैनोपी लगाएं, बीम पर छत जैसा रंग करवाएं, ऊपर की ओर हल्की रोशनी लगाएं या पिरामिड आज़माएं। इन उपायों में कोई निर्माण-कार्य नहीं करना पड़ता।
क्या सोफे के ऊपर बीम होना समस्या है?
मुख्य सोफे के ऊपर बीम हो तो लंबे समय तक वहां बैठने से बचना अच्छा है, हालांकि यह बेड के ऊपर बीम जितनी बड़ी बात नहीं है। हो सके तो बैठने की जगह थोड़ी खिसका लें।
क्या बेड के ऊपर बीम पति-पत्नी के रिश्ते पर असर डाल सकता है?
डबल बेड पर दोनों साथियों के बीच से गुज़रते बीम को परंपरागत रूप से आपस में दूरी महसूस होने से जोड़ा जाता है। कई जोड़े एहतियात के तौर पर बस बेड खिसका लेते हैं या बीम को ढक देते हैं।
यही सब अपने घर या ऑफ़िस में करवाना चाहते हैं?
मुफ़्त परामर्श बुक करें